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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Happy Birthday par Kavita
    कविताएँ

    हैप्पी बर्थडे | Happy Birthday par Kavita

    ByAdmin April 4, 2023

    हैप्पी बर्थडे सेलिब्रेट ( Happy birthday celebrate )    घर-परिवार और रिश्तेदारों ने किया हमें विश, लो जी आ गया फिर हमारा भी जन्म-दिवस। बनवाकर लाये इस रोज़ बड़ा सारा एक कैक, उजियारा था चारो तरफ़ बरसे धनाधन किश।। जीवन का एक वर्ष हमारा हुआ इसदिन कम, मोमबत्ती बुझाकर काटे है कैक झूमकर हम। जगमग…

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  • Pani ki dastaan
    शेरो-शायरी

    पानी से पानी की दास्तां | Pani ki dastaan

    ByAdmin April 4, 2023

    पानी से पानी की दास्तां ( Pani se pani ki dastaan )    यह कहानी अजब है वो खता पूछिए। बहते पानी से पानी की दास्तां पूछिए। हमने मोती लुटाए फूलों सद्भावों के। उजड़ा उपवन क्यों महकता पूछिए। गीत लिखे थे हमने मोहब्बत है क्या। टूटे अरमां दिल के अब पता पूछिए। सुलझा लेते मसले…

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  • Mahavir jayanti par Kavita
    कविताएँ

    महावीर जयंती पर विशेष | Mahavir jayanti par Kavita

    ByAdmin April 4, 2023

    महावीर जयंती पर विशेष ( Mahavir jayanti par vishesh )    त्याग तपस्या भरा स्वामी महावीर का जीवन। अहिंसा के मूर्तिमान वो किया प्रभु का चिंतन। जैन धर्म के तीर्थंकर वो महावीर बुद्ध कहलाए। सिद्धार्थ घर जन्मे स्वामी वर्धमान रूप में आये। जाति पांति भेदभाव को जड़ से चले मिटाने। पंच महाव्रत धर्म चलाया अचलेश्वर…

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  • Bhukhmari par Kavita
    कविताएँ

    भुखमरी की पीर | Bhukhmari par Kavita

    ByAdmin April 4, 2023

    भुखमरी की पीर ( Bhukhmari ki peer )    भूखे नंगे लाचारों की नित पीर सुनाया करता हूं। मैं सत्ता के गलियारों में अलख जगाया करता हूं। जठराग्नि आग बन जाए भूखमरी हो सड़कों पे। मैं कलम की नोक से आवाज उठाया करता हूं। बेबस मासूम पीड़ा की तकदीर सुनाया करता हूं। कचरों में भोजन…

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  • Maidan-e-jung par Kavita
    कविताएँ

    मैदान-ए-जंग में | Maidan-e-jung par Kavita

    ByAdmin April 3, 2023April 3, 2023

    मैदान-ए-जंग में ( Maidan-e-jung mein )   मैदान-ए-जंग में जब उतर पड़े रणधीर। हर हर महादेव गूंजे ले हाथों में शमशीर। वंदेमातरम वंदेमातरम बोल रहे रणवीर। महासमर में महारथी कूद पड़े सब वीर। आजादी का बिगुल बजे तीरों पे चले तीर। जान हथेली पे लेकर जब बढ़ चले महावीर। शौर्य पराक्रम ओज भर मैदान में…

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  • Mahavir Swami par Kavita
    कविताएँ

    महावीर स्वामी | Mahavir Swami par Kavita

    ByAdmin April 3, 2023

    महावीर स्वामी ( Mahavir Swami )   सम्पूर्ण विश्व को शान्ति का पाठ है पढ़ाया, लोक कल्याण का जिन्होंने मार्ग अपनाया। वीर अतिवीर सन्मति भी कहते है आपको, अहिंसा परमोधर्म का सिद्धांत है अपनाया।। बचपनें में नाम इनका वर्द्धमान राजकुमार, जैनधर्म के २४ वें तीर्थकर स्वामी महावीर। जन्म हुआ आपका ईसा से ५९९ वर्षो पूर्व,…

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  • Kavita Seekho
    कविताएँ

    सीखो | Kavita Seekho

    ByAdmin April 3, 2023

    सीखो! ( Seekho )    कुदरत से संवरना सीखो, दीपक जैसा जलना सीखो। नहीं बनों तू नील गगन तो, बनकर मेघ बरसना सीखो। आदमी से इंसान बनों तुम, औरों का बोझ उठाना सीखो। काटो नहीं उन हरे वृक्षों को, नई पौध लगाना सीखो। कद्र करो तू छोटे-बड़े का, फूल के जैसे खिलना सीखो। हुनर,जमीं,आसमां अपना…

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  • Kavita Reshmi zulfein
    कविताएँ

    रेशमी जुल्फें | Kavita Reshmi zulfein

    ByAdmin April 3, 2023

    रेशमी जुल्फें ( Reshmi zulfein )    रेशमी जुल्फों का नशा मदहोशी सी छा रही है काली घटाएं उमड़कर बूंद बूंद बरसा रही है बदरिया सी छा जाती काली जुल्फे हो घनी नयनों के तीर चलते पहरा देती आंखें तनी गोरे गुलाबी गालों पे लहरे रेशमी जुल्फों की लटाएं चेहरे की रौनक बढ़ जाती मस्त…

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  • Kavita Dil ko Tadapna
    कविताएँ

    दिल को तड़पना है बस अश्क बहाने है | Kavita Dil ko Tadapna

    ByAdmin April 3, 2023April 3, 2023

    दिल को तड़पना है बस अश्क बहाने है ( Dil ko tadapna hai bas ashk bahane hai )   इस दिल को तड़पना है बस अश्क बहाने है। टूटे इन दिल के तारों से नए गीत सजाने है। अंतर्मन की पीड़ा है दर्द लबों तक आने है। भावों का सुमन हार सुर संगीत सजाने है।…

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  • Be Mausam Barsat par Kavita
    कविताएँ

    बेमौसम बरसात | Be Mausam Barsat par Kavita

    ByAdmin April 3, 2023April 3, 2023

    बेमौसम बरसात ( Be mausam barsat )    ओला आंधी तूफां आए, घिर आई काली रात। धरती पुत्र सुस्त हो गए, हुई बेमौसम बरसात। फसल खड़ी खेत रबी की, आने को हुई वैशाखी। जमीदार मुंह ताक रहा, अब कर्ज चुकाना बाकी। बिन बुलाए मेहमान आए, ज्यों बेमौसम बरसात। अपने भी मुंह फेर रहे, ना पूछे…

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