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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Poem Rah-E-Ishq
    कविताएँ

    राह-ए-इश्क | Poem Rah-E-Ishq

    ByAdmin February 3, 2023

    राह-ए-इश्क ( Rah-E-Ishq )    उसकी पलकों के ओट से हया टपकती है, फिर भी देखो वो मौज-ए-बहार रखती है। दाना चुगने वाले उड़ते रहते हैं परिन्दे, क्या करे वो बेचारी तीर-कमान रखती है। शाही घरानों से नहीं हैं ताल्लुकात उसके, आसमां कीे छोड़, जमीं भी महकती है। दोष उसका नहीं, ये दोष है जवानी…

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  • Poem Chand lamhon
    कविताएँ

    चंद लम्हों से जिंदगी चुरा लाए हैं। Poem Chand lamhon

    ByAdmin February 3, 2023

    चंद लम्हों से जिंदगी चुरा लाए हैं ( Chand lamhon se zindagi chura laye hain )    हम बहारों से खुशबू जरा लाए हैं। चंद लम्हों से जिंदगी चुरा लाए हैं। गीत लफ्जों से प्यारे सजा आए हैं। जुड़े तार दिलों के नजारे मुस्काये हैं। आंधी तूफान से कश्ती उतार लाए हैं। चंद सांसे ले…

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  • Karn par Kavita
    कविताएँ

    नही है कर्ण जैसा कोई दानी | Karn par Kavita

    ByAdmin February 3, 2023

    नही है कर्ण जैसा कोई दानी ( Nahi hai karn jaisa koi dani )   जगत में कई है बलवान और महा-ज्ञानी, लेकिन नही है इस कर्ण जैसा कोई दानी। कोई पीने को ना देता एक गिलास पानी, उसने तो दिया कवच कुण्डल महा-दानी।। सूर्य-नारायण का वह ऐसा महाबली पुत्र, कौरवों की सेना में दुर्योधन…

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  • Bharat Desh par Kavita
    कविताएँ

    मेरा प्यारा भारत देश | Bharat Desh par Kavita

    ByAdmin February 3, 2023

    मेरा प्यारा भारत देश ( Mera pyara bharat desh )    मेरा प्यारा भारत देश सभी देशों मे यह नम्बर एक, मिलकर रहतें हमसब एक इसमें नहीं है कोई भेद। भाषाऍं यहां बहुत अनेंक पर रंग रूप सबका एक, पहनावा भी सबका भिन्न पैदा होता यहां पर अन्न।। हिन्दू, मुस्लिम सिख, ईसाई रहते सभी भाई-भाई,…

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  • Intezar Shayari
    शेरो-शायरी

    उनके आने का इन्तिज़ार रहा | Intezar Shayari

    ByAdmin February 3, 2023

    उनके आने का इन्तिज़ार रहा ( Unke aane ka intezar raha )    उनके आने का इन्तिज़ार रहा, हर समय मोसम-ए-बहार रहा। दीदाये-दिल में वो रहे मेरे, उम्र भर जिनको हमसे प्यार रहा। मेरी नज़रों से दूर थे लेकिन, मैं तो उनका ही तलब-गार रहा। क्यूँ ,करे कोई दुश्मनी मुझसे, आप से सबसे हमको प्यार…

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  • Reema Pandey Ghazal
    शेरो-शायरी

    न आना तुम कभी अब इस गली में | Reema Pandey Ghazal

    ByAdmin February 3, 2023

    न आना तुम कभी अब इस गली में ( Na aana tum kabhi ab is gali mein )    न आना तुम कभी अब इस गली में रखा है क्या बताओ दोस्ती में न आया चैन पल भर भी मुझे तो मिले गम ही हजारों जिंदगी में खुदा मेरे बचा भी लो कहाँ हो रही…

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  • Shayari on Zindagi
    शेरो-शायरी

    साथ हरदम निभाती रही ज़िन्दगी | Shayari on Zindagi

    ByAdmin February 2, 2023February 2, 2023

    साथ हरदम निभाती रही ज़िन्दगी ( Saath har dam nibhati rahi zindagi )    साथ हरदम निभाती रही ज़िन्दगी आस दिल में जगाती रही ज़िन्दगी जब हुआ दिल परेशान मेरा कभी प्यार मुझपे लुटाती रही ज़िन्दगी बन के मेरा सहारा खड़ी है सदा आँधियों से बचाती रही ज़िन्दगी लड़खड़ायें कदम जब भी मेरे कहीं राह…

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  • Kavita Bina Soche Samjhe
    कविताएँ

    बिना सोचे समझे | Kavita Bina Soche Samjhe

    ByAdmin February 2, 2023February 2, 2023

    बिना सोचे समझे ( Bina soche samjhe )    कहां जा रहे हो किधर को चलें हो बिन सोंचे समझे बढ़े जा रहे हो।   कहीं लक्ष्य से ना भटक तो गये हो ! फिर शान्त के क्यों यहां हम खड़े हो!   न पथ का पता है न मंजिल है मालुम दिक् भर्मित होके…

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  • Shatranj par Kavita
    कविताएँ

    शतरंज | Shatranj par Kavita

    ByAdmin February 2, 2023

    शतरंज ( Shatranj )    भारत देश के पुरानें खेलों में से एक यह शतरंज, जिसकी उत्पत्ति यही हुई जिसे कहते थें चतुरंग। लेख व आलेख मिलेंगे जिसके भारतीय ग्रंथों में, आगे चलकर ये चतुरंग खेल कहलाया शतरंज।। पहले जिसको खेला करते थें वो राजा महाराजा, जिसमें भरपूर-बुद्धि का यह प्रयोग किया जाता। उब चुके…

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  • Ghazal on Life in Hindi
    शेरो-शायरी

    तुम्हारे पांव की बेड़ी तुम्हें ही काटनी होगी | Ghazal on Life in Hindi

    ByAdmin February 2, 2023

    तुम्हारे पांव की बेड़ी तुम्हें ही काटनी होगी ( Tumhare paon ki bedi tumhen hi katni hogi )   बुजुर्गों के चरण-वंदन में जब तक सर नहीं आते। नये इतिहास रचने के सुखद अवसर नहीं आते मधुर व्यवहार ही कश्ती किनारे तक लगाती है समंदर से तो पत्थर तैरकर बाहर नहीं आते । मजारों पर…

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