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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • कैमरा एक्शन और खुशी
    कहानियां

    कैमरा एक्शन और खुशी

    ByAdmin June 30, 2024

    आज खुशी का मन बहुत उदास था! जैसे मानो सब कुछ उजड़ गया। क्योंकि आज उसको पता चला कि उसका फ्रेंड्स अकाउंट जिस पर वह दिन रात चैटिंग करती हैं वह अचानक से हैक कर लिया गया और संबंधित अकाउंट भी खुल नहीं रहे। समझो कि उसके पैरों तले जमीन निकल गई जैसे किसी ने…

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  • अजेय इंडिया हमारा
    कविताएँ

    अजेय इंडिया हमारा

    ByAdmin June 30, 2024

    अजेय इंडिया हमारा आन-बान-शान की निशानी है इंडिया जीत टी-20 का प्रमाण है इंडिया परचम अजेय का गगनचुम्बी है इंडिया पंख जज्बा-जोश की बुलंदी है इंडिया विजयी विराट की लहर है इंडिया वैश्विक चुनौतियों का सामना है इंडिया शेखर कुमार श्रीवास्तव दरभंगा( बिहार) यह भी पढ़ें :-  बचपन लौटा दो | Kavita Bachpan lauta do

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  • मेरा प्यार 
    कविताएँ

    मेरा प्यार | Kavita Mera Pyar

    ByAdmin June 30, 2024

    मेरा प्यार  ( Mera Pyar ) दिल है सुंदर मन है सुंदर। और तुम भी हो सुंदर। दिलकी बातें कह नहीं पाती। पर मन के भाव दिखती हो।। करते हो यदि प्यार तुम तो आँखो से कह दो। प्यार तुम्हारा छुप न रहा। अब तो तुम कुछ कह दो।। मन तेरा अब भटक रहा है।…

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  • Hindi ke Utsang Mein
    कविताएँ

    हिन्दी की बिंदी | Kavita Hindi ki Bindi

    ByAdmin June 30, 2024June 30, 2024

    हिन्दी की बिंदी ( Hindi ki Bindi ) अंग्रेजी के लेटर भी रहते हैं साइलेंट। हिन्दी की बिंदी भी बजा देती है बैंड। एक बिंदी भी दिखाती है इतना कमाल। शब्द के अर्थ में मचा देती है धमाल। आसमां को उतार कर धरती में ला सकती है। धरती को उठाकर आसमां में पहुंचा सकती है।…

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  • दुख के राह हजार हैं
    कविताएँ

    दुख के राह हजार हैं

    ByAdmin June 30, 2024June 30, 2024

    दुख के राह हजार हैं दुख के राह हजार हैं सुख की कोई राह नहीं क्यों अन्तर में पलता है विकट वेदना चाह नहीं। कुमुद निशा में लेटी है चंचलता बस खेती है सारे द्रुम विश्वास टिके हैं मन में क्यों वैराग्य नहीं। दूर दृष्टि में छोड़ गये हैं बन्धन सारे तोड़ गये हैं कितना…

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  • एक प्रेम गीत सुनाओ मुझे
    कविताएँ

    एक प्रेम गीत सुनाओ मुझे

    ByAdmin June 29, 2024June 29, 2024

    एक प्रेम गीत सुनाओ मुझे एक प्रेम गीत सुनाओ मुझे जिसमें प्रिय एक कहानी हो ना राजा हो ना रानी हो प्रियसी प्रेमी की जिंदगानी हो ।। एक प्रेम गीत सुनाओ मुझे जिसमें मिलने की चाहा रही उसकी कोई तो निशानी हो ऐसी मनोरम सी कहानी हो ।। एक प्रेम गीत सुनाओ मुझे …….. जिसमें…

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  • तेरे पाठ और तेरे गीत | Kavita Tere Paath Aur Tere Geet
    कविताएँ

    तेरे पाठ और तेरे गीत | Kavita Tere Paath Aur Tere Geet

    ByAdmin June 29, 2024

    तेरे पाठ और तेरे गीत पढ़ा रहे हो पाठ कोई, या सुना रहे हो कोई गीत, कुछ भी हो सुंदर हैं दोनों, तेरे पाठ और तेरे गीत, याद रखूंगी पाठ तुम्हारे, याद रखूंगी तेरे गीत, जीवन के लिए जरूरी दोनों, तेरे पाठ और तेरे गीत, सीख जरूरी जीवन में, संगीत जरूरी जीवन में, दोनों ही…

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  • मेघ
    कविताएँ

    मेघ | Kavita Megh

    ByAdmin June 29, 2024

    मेघ ( Megh ) मेघ तुम इतना भी ना इतराना जल्दी से तुम पावस ले आना बारिश की बूंद कब पड़ेंगी मुख पर, तुम मेघ अमृत को जल्दी बरसाना ।। तरस रहे सभी प्राणी ये जग जीवन करते हैं तुम्हारा मिलकर अभिनंदन आजाओ हम बाट निहारें कब से मेघ मल्हार राग भी तुमसे ही सारे…

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  • वे जीवित ही मरते
    कविताएँ

    वे जीवित ही मरते

    ByAdmin June 29, 2024

    वे जीवित ही मरते कर्मशील जीवित रह कर के, हैं आराम न करते। नहीं शिकायत करता कोई, मुर्दे काम न करते। जीवन का उद्घोष निरन्तर, कर्मशीलता होती। कर्मक्षेत्र में अपने श्रम के, बीज निरंतर बोती। है शरीर का धर्म स्वेद कण, स्निग्ध त्वचा को कर दें, अकर्मण्यता ही शय्या पर, लेटी रह कर रोती। जो…

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  • शब्दाक्षर राष्ट्रीय साहित्यिक संस्था राजस्थान ईकाई  द्वारा कवि गोष्ठी का आयोजन
    साहित्यिक गतिविधि

    शब्दाक्षर राष्ट्रीय साहित्यिक संस्था राजस्थान ईकाई द्वारा कवि गोष्ठी का आयोजन

    ByAdmin June 29, 2024

    गत सांय अंगिरा गेस्ट हाउस नवलगढ़ में स्वतंत्र पत्रकार पूर्व प्रांतपाल कवि व शब्दाक्षर के प्रचार मंत्री जगदीश प्रसाद जांगिड के 80 वें जन्मदिन पर उनका सम्मान पुष्प माला साफा शाल व उपहारों से किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता राजस्थान ईकाई शब्दाक्षर के प्रदेश अध्यक्ष वरिष्ठ चिकित्सक डाॅ दयाशंकर जांगिड ने की तथा मुख्य अतिथि…

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