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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Gau mata par kavita
    कविताएँ

    कविता गऊ | Gau mata par kavita

    ByAdmin September 22, 2022September 24, 2022

    कविता गऊ gau mata par kavita   चीतो के आने से होता अगर विकास ll गायो के मरने पर उड़ता नही परिहास ll पूजते थे गाय को भूल गए इतिहास ll गोशाला मे ही अब भक्ष रहे गोमांस ll महंगाई के कारण मिलत नही है दानll भूखी गाय घूमती द्वारे द्वारे छान् ll रोटी देने…

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  • Geet kitabi gyan
    कविताएँ

    किताबी ज्ञान | Geet kitabi gyan

    ByAdmin September 22, 2022

    किताबी ज्ञान ( Kitabi gyan )   जीवन का अनुभव सच्चा है झूठा है अभिमान ढाई आखर प्रेम का सच्चा व्यर्थ किताबी ज्ञान सभ्यता संस्कार जीवन में व्यवहार सिखाते हैं किताबी ज्ञान के दम पर मानव ठोकरें खाते हैं हम तूफां से टकराते हैं माना पुस्तक मार्गदर्शक राह सही दिखलाती है असल जिंदगी में तो…

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  • Shiv ji par kavita
    कविताएँ

    शिव | Shiv ji par kavita

    ByAdmin September 22, 2022October 1, 2022

    शिव ( Shiv )   जो आरम्भ है, अनादि है, सर्वश्रेष्ठ है, जो काल, कराल, प्रचंड है, जिनका स्वरूप अद्वितीय है, जिनका नाम ही सर्वस्व है, शिव है, सदा शिव है। मस्तक में जो चाँद सजाये, भस्म में जो रूप रमाये, गंगप्रवाह जो जटा मे धराये, मंथन को जो कण्ठ में बसाये, शिव है, सदा…

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  • Kavita pujya pitar
    कविताएँ

    पुज्य पितर | Kavita pujya pitar

    ByAdmin September 22, 2022

    पुज्य पितर ( Pujya pitar )   हे पूज्य पितर देव हमारे कृपा दृष्टि बरसा देना फुलवारी पूर्वज आपकी वरदानों से हरसा देना तुम बसे हो यादों में चित में नित्य समाए हो जीवन की प्रचंड धूप में आशीषों के साए हो तुम बगिया को महकाये हो   हे देव पितृलोक में रह जीवन में…

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  • Poem ab baharon se bhi dar lagta hai
    कविताएँ

    अब बहारों से भी डर लगता है | Poem ab baharon se bhi dar lagta hai

    ByAdmin September 21, 2022

    अब बहारों से भी डर लगता है ( Ab baharon se bhi dar lagta hai )   तूफानों से लड़ते-लड़ते बहारों से भी डर लगता है। रहा नहीं वो प्रेम सलोना अंगारों सा घर लगता है।   शब्द बाण वो तीखे तीखे विषभरे उतरे दिल के पार। ना जाने कब लूट ले जाए हमको अपना…

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  • जीवन के इस धर्मयुद्ध में
    कविताएँ

    जीवन के इस धर्मयुद्ध में | Poem jeevan ke dharmayudh mein

    ByAdmin September 21, 2022

    जीवन के इस धर्मयुद्ध में ( Jeevan ke is dharmayudh mein )   जीवन के इस धर्मयुद्ध में, तुमको ही कुछ करना होगा। या तो तुमको लडना होगा, या फिर तुमको मरना होगा। फैला कर अपनी बाहों को, अवनि अवतल छूना होगा, या तो अमृत बाँटना होगा, या खुद ही विष पीना होगा।   एक…

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  • Kavita jab dost bane gaddar
    कविताएँ

    जब दोस्त बने गद्दार | Kavita jab dost bane gaddar

    ByAdmin September 20, 2022

    जब दोस्त बने गद्दार ( Jab dost bane gaddar )     जो हमारे अपने हैं करते बैरी सा व्यवहार क्या कहे किसी से जब दोस्त बने गद्दार   मित्रता का ओढ़कर चोला मन का भेद लेते वो मुंह आगे आदर करते विपदा से घेर देते वो   उल्टी राय मशवरा देकर उल्टे काम कराते…

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  • Aazam ghazal aarzoo
    शेरो-शायरी

    आरजू जीने के सभी खुशियाँ | Aazam ghazal aarzoo

    ByAdmin September 20, 2022September 20, 2022

    आरजू जीने के सभी खुशियाँ ( Aarzoo jeene ke sabhi khushiyan )     आरजू जीने के सभी खुशियाँ मांगती रब से ज़िंदगी खुशियाँ   इसलिये रहती यहां उदासी है ज़िंदगी में कब है मिली खुशियाँ   ख़त्म  होता नहीं  रस्ता ग़म का दूर मुझसे इतनी रही खुशियाँ   आरजू कब न जाने पूरी हो…

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  • 22nd edition of patrakarita Kosh released
    साहित्यिक गतिविधि

    पत्रकारिता कोश के 22वें संस्करण का विमोचन

    ByAdmin September 19, 2022September 19, 2022

    पत्रकारिता कोश के 22वें संस्करण का विमोचन उर्दू पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में 17 सितंबर 2022 को मुंबई के हज हाऊस में पत्रकार विकास फाउंडेशन की ओर से आयोजित विशेष समारोह में लिम्का बुक ऑफ रिकॉर्ड में दर्ज भारत की प्रथम मीडिया डायरेक्टरी पत्रकारिता कोश के 22वें संस्करण (महाराष्ट्र संस्करण) का…

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  • Poem chalo jeete hain
    कविताएँ

    चलो जीते हैं | Poe Chalo Jeete hainm

    ByAdmin September 19, 2022August 9, 2023

    चलो जीते हैं ( Chalo jeete hain )   चलो ज़िन्दगी जिते हैं ज़िन्दगी हर पल निकलता जा रहा है चलो ज़िन्दगी जिते हैं चस्कियाँ काम है ज़िन्दगी के बोतल में चलो पीते हैं कोई चाँद देखा होगा कोई सितारा देखा होगा कोई कोई कई नज़ारा देखा होगा लेकिन कोई बताए मुझे बिन आईने के…

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