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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Pyar wala shayari
    कविताएँ

    प्यार करने की हो गयी भूल है | Pyar wala shayari

    ByAdmin July 2, 2022

    प्यार करने की हो गयी भूल है ( Pyar karne ki ho gayi bhool hai )     प्यार करने की हो गयी भूल है ? अब सताती दिल को रही भूल है   ख़ा गया हूँ दग़ा करते करते वफ़ा करनी सबसे बड़ी आशिक़ी भूल है   तौबा की है ख़ुदा से बहुत आज…

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  • Poem samjhauta zindagi se
    कविताएँ

    समझौता जिंदगी से | Poem Samjhauta Zindagi se

    ByAdmin July 1, 2022March 23, 2023

    समझौता जिंदगी से ( Samjhauta zindagi se ) मात्रा भारत 12-12   डगर डगर पर हमने, तूफानों को देखा। समझोता जीवन में, बदलता किस्मत रेखा।   रिश्तो में मधुरता हो, प्रेम पावनता मिले। पुनीत संस्कार अपने, चेहरे सबके खिले।   औरों की खुशियों में, बरसाओ नेह जरा। जिंदगी रोशन मिले, हर्ष से दामन भरा।  …

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  • Hindi romantic geet
    कविताएँ

    हर पल दिल बस तुझको देखे | Hindi romantic geet

    ByAdmin July 1, 2022

    हर पल दिल बस तुझको देखे (Har pal dil bas tujhko dekhe )   हवाओं में फिजाओं में, धड़कनों सदाओं में। मौसम की बहारों में, सावन की घटाओं में। महकती वादियों में, दिल के जो अरमान रखें। सलोनी सूरत वो प्यारी, ख्वाबों में तुझको देखे। हर पल दिल बस तुझको देखे-2   चाल निराली लगे…

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  • Maa ki yaad
    कविताएँ

    मांँ की याद | Maa ki yaad | Chhand

    ByAdmin June 30, 2022May 12, 2024

    मांँ की याद ( Maa ki yaad )   जलहरण घनाक्षरी   जब मांँ नहीं होती है, वो याद बहुत आती। ममता की मूरत मांँ, तेरी याद सताती है।   चरणों में स्वर्ग बसा, हाथ शीश पर रखती। मीठी यादें लोरियों की, मन को खूब भाती है।   कितना सुकून होता, आंचल की छांँव मिले।…

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  • Shayari pyar ki
    शेरो-शायरी

    किया था प्यार मगर | Shayari pyar ki

    ByAdmin June 30, 2022

    किया था प्यार मगर ( Kiya tha pyar magar )   किया था प्यार मगर हमनें जताया ही नही। वो कैसे जानती जो हमने बताया ही नही। रहा अफसोस हमेशा ही से ये दिल मे मेरे, क्यों ये जज्बात मेरे दिल के दिखाया ही नही। किया था प्यार मगर….   दबा दिया दिल में ख्वाहिशों…

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  • Chahak chithi ki
    छंद

    चहक चिट्ठी की | Chithi par Chhand

    ByAdmin June 30, 2022January 28, 2023

    चहक चिट्ठी की ( Chahak chithi ki ) मनहरण घनाक्षरी   जब भी डाकिया आता, पत्रों का पिटारा लाता। चिट्ठियों का इंतजार, बेसब्री से करते हैं।   भावन उर उमंगे, जगे चहक चिट्ठी की। गांव को परदेस में, यादें दिल में रखते।   चिट्ठी सेतु बन गई, जुड़े दिल के तार। सुख-दुख के संदेश, पीड़ा…

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  • Chahat shayari
    शेरो-शायरी

    चाहतों का नजीर लगता नहीं | Chahat shayari

    ByAdmin June 30, 2022

    चाहतों का नजीर लगता नहीं ( Chahaton ka nazeer lagta nahin )     चाहतों का नजीर लगता नहीं कोई दिल से अमीर लगता नहीं   आज के दौर में मुझे  तो यहाँ कोई जिंदा जमीर लगता नहीं   मतलबी इस जहान में अब मुझे शख़्स कोई कबीर लगता नहीं   सब बड़े है निग़ाह…

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  • Heart touching ghazal in Hindi
    ग़ज़ल

    मुझको दिखाता हर लम्हा गरूर है | Heart Touching Ghazal in Hindi

    ByAdmin June 29, 2022July 8, 2023

    मुझको दिखाता हर लम्हा गरूर है! ( Mujhko dikhata har lamha garoor hai )     मुझको दिखाता हर लम्हा गरूर है! हर व़क्त रखता वो चेहरा गरूर है   तुझसे  ख़ुदा ख़फ़ा होगा बहुत मगर करना  नहीं  मगर अच्छा गरूर है   यूं हाथ कल नहीं उससे मिलाया है हर बात में बहुत करता…

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  • Poem on roti in Hindi
    शेरो-शायरी

    नहीं घर में रोटी रखी हुई है | Poem on roti in Hindi

    ByAdmin June 28, 2022June 28, 2022

    नहीं घर में रोटी रखी हुई है ( Nahin ghar mein roti rakhi hui hai )     नहीं घर में रोटी रक्खी हुई है! यहाँ तो भूख यूं तड़पी हुई है   मिले है आंख खुलते ख़ूब ताने सहर अपनी नहीं अच्छी हुई है   नहीं मिलता कभी जो चाहता हूँ बहुत तक़दीर ही…

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  • “बंकिमचंद्र के जन्मदिन पर अंतरराष्ट्रीय कवि सम्मेलन”
    साहित्यिक गतिविधि

    “बंकिमचंद्र के जन्मदिन पर अंतरराष्ट्रीय कवि सम्मेलन”

    ByAdmin June 27, 2022

    भारतीय स्वतंत्रता काल में क्रांतिकारियों का प्रेरणास्रोत -‘वंदे मातरम्’- जो 1937 में भारत का राष्ट्रगीत बन गया, जिसके रचयिता बंग्ला भाषा के प्रख्यात उपन्यासकार एवं कवि बंकिमचंद्र चट्टोपाध्याय के जन्मदिन पर “अंतरराष्ट्रीय साहित्य संगम” (साहित्यिक सांस्कृतिक संस्था) के तत्वावधान में संस्था के अध्यक्ष श्री देवेंद्र नाथ शुक्ल एवं महासचिव डॉ. मुन्ना लाल प्रसाद के संचालन…

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