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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • कवि अटल को "अटल काव्यांजलि"
    साहित्यिक गतिविधि

    कवि अटल को “अटल काव्यांजलि”

    ByAdmin December 25, 2021December 25, 2021

    “जिंदगी मृत्यु से हारी है पर कर्मों से जो जीता वह अटल बिहारी है” प्राण का, मोह  ना, था सभी  जान लो,                  देश के, लाल  को, आज  पहचान लो             कवि अटल को “अटल काव्यांजलि”   छिंदवाड़ा – भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री कभी हृदय स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेई के जन्मदिवस 25 दिसंबर को…

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  • Ghazal dada ji
    शेरो-शायरी

    दादा जी | Dada ji par Shayari

    ByAdmin December 25, 2021February 4, 2023

    दादा जी ( Dada JI )   यहां तो दादा जी रकीब है नहीं कोई अपना हबीब है   रवानी ख़ुशी की कैसे हो फ़िर ख़ुशी जिंदगी से सलीब है   घरों में  हुये लोग कैद सब चला कैसा मौसम अजीब है   कैसे लें आटा दाल यूं महंगा दादा जी बड़े हम ग़रीब है…

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  • Dil se jaye nahi pyar main kya karoon
    शेरो-शायरी

    दिल से जाये नहीं प्यार मैं क्या करुं | Ghazal

    ByAdmin December 25, 2021December 25, 2021

    दिल से जाये नहीं प्यार मैं क्या करुं ( Dil se jaye nahi pyar main kya karoon )     दिल से जाये नहीं प्यार मैं क्या करुं हिज्र  में  तेरे  अब यार मैं क्या करुं   भूलने की तुझे कोशिका की तमाम भूल पाऊं न दिलदार मैं क्या करुं   इंतिहां हो गयी  है…

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  • Mujhko meri zameen pe rehne do
    शेरो-शायरी

    मुझको मेरी ज़मीं पे रहने दो | Ghazal

    ByAdmin December 25, 2021

    मुझको मेरी ज़मीं पे रहने दो ( Mujhko meri zameen pe rehne do )     ‘हाँ मैं हूँ’ इस यकीं पे रहने दो। मुझको मेरी ज़मीं पे रहने दो।   पोछ लो अपने आस्ताँ का लहू, दाग़ मेरी जबीं पे रहने दो।   तेरी यादों से ही उजाला है, चाँद को अब वहीं पे…

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  • Kavita maryada
    कविताएँ

    मर्यादा | Kavita maryada

    ByAdmin December 25, 2021

    मर्यादा ( Maryada )     रामराज में मर्यादा का जो पाठ पढ़ाया जाता था आचरणों में संस्कारों का रत्न जड़ाया जाता था   मर्यादा पुरुषोत्तम रामचंद्र आज्ञाकारी पुत्र हुए पिता को परमेश्वर माना आज्ञा ले वन को गए   लक्ष्मण भरत सरीखे भाई हनुमान से भक्त हुए सीता जनक दुलारी प्यारी पावन प्रेम हृदय…

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  • Kavita dekhoge tum
    कविताएँ

    देखोगे तुम | Kavita dekhoge tum

    ByAdmin December 24, 2021December 24, 2024

    देखोगे तुम ( Dekhoge tum ) हँसता हुआ मधुमास जो देखे हो तुम तो, मन के विरह की प्यास भी  देखोगे तुम। आनन्दमय  झिझोंर के नाचे हो तुम तो, मनभाव के नवरंग को भी  देखोगे  तुम। मन  प्राप्त  करने को  तुझे बेकल हुआ है, ऋतु शिशिर है पर ताप से जलता हिया है। घी का…

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  • Kavita naya saal
    कविताएँ

    नया साल | Kavita Naya Saal

    ByAdmin December 23, 2021December 31, 2023

    नया साल ( Naya saal )   रफ्ता रफ्ता गुजर गया वो साल पुराना था कड़वे  मीठे  अनुभवों  का बड़ा खजाना था   आने  वाला  साल  बाइसवां बेहतर आएगा स्वागत करें नववर्ष तुम्हारा खुशियां लाएगा   जब भी कोई नया नया हो जश्न मनाते हैं नई  सोच  नई उमंग ले आगे बढ़ जाते हैं  …

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  • Khushiyon ki chhaon
    कविताएँ

    खुशियाँ की छांव | Khushiyon ki chhaon ghazal

    ByAdmin December 23, 2021

    खुशियाँ की छांव ( Khushiyon ki chhaon )     जीस्त से खुशियाँ की छांव ज़ख्मी रही रोज़ ग़म की बहुत धूप आती रही   दुश्मनी पे उतर आया है आज वो दोस्ती जिससे ही रोज़ गहरी रही   देखा है रोज़ जिसको वफ़ा की नज़र गैर आँखें मुझसे रोज़ करती रही   साथ देती…

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  • Kavita Atal Bihari Vajpayee
    कविताएँ

    वंदन माननीय पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी | Kavita Atal Bihari Vajpayee

    ByAdmin December 23, 2021August 16, 2023

    वंदन माननीय पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ( Vandan mananiy purba pradhanmantri Atal Bihari Vajpayee )     अटल इरादों की हस्ती अटल बिहारी नाम जिनके अटल इरादों को जग करता सदा प्रणाम   अवतरण शिक्षक घर पाया सदा ज्ञान की जोत जलाया राष्ट्र हितेषी मनुज वंदन विपुल बुद्धि शारदे नंदन   करुणा सिंधु लेखनी…

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  • Basti ka antarrashtriya sahityakar
    व्यंग्य

    बस्ती का अंतर्राष्ट्रीय साहित्यकार | Vyang

    ByAdmin December 22, 2021

    बस्ती का अंतर्राष्ट्रीय साहित्यकार ( Basti ka antarrashtriya sahityakar )   पत्नी वीरता पूर्वक साहित्य का सामना करती है। इस वाक्य के कई अर्थ हो सकते है। हो क्या सकते है होते है। एक तो यह कि साहित्य पत्नी का सामना नहीं कर सकता। दूसरा यह कि दोनो आमने सामने खडे होकर एक दूसरे को…

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