मेरी हिंदी महान है | Meri Hindi Mahan Hai

मेरी हिंदी महान है

( Meri Hindi Mahan Hai )

सारे जग में मेरी हिंदी महान है,
हिंदी से ही तो मेरा यह हिंदुस्तान है।
ज्ञान का भंडार है वर्णों का रूप है,
हिंदी ही तो मेरी आन,बान,शान है।।

हिंदी हमारी है धरोहर सारे जहान की,
हिंदी से ही होती मेरी,जग ने पहचान की।
हिंदी भाषा नहीं विविधता की एकता है,
हमारी हिंदी भाषा करती सबका सम्मान है।।

यह हार है,त्यौहार है उत्सव हमारे देश का,
इसी से मिलती खुशियां है, हमारे परिवेश का।
हमारे संस्कृति के मूल मूल्यों को दर्शाती है,
हिंदी एकता का प्रतीक है हमारे भारत देश का।।

भारतीय धार्मिक,सांस्कृतिक ज्ञान का भंडार है हिंदी,
कला, रंगमंच, साहित्य, संगीत,आदित्य रूप है हिंदी।
हमें गर्व है कि हमारी भाषा भारत की बिंदी लगाती है,
हमारे देश की समृद्धि,विकास का प्रतीक हमारी हिंदी।।

हिंदी को तन, मन,धन पूरा जीवन समर्पित है,
हिंदी के चरणों में श्रद्धा-सुमन अर्पित है।
हिंदी माथे की बिंदी बनाकर चमकती जहान में,
सारे ग्रंथ, हमारे हिंदी भाषा में लिखित,वर्णित है।।

प्रभात सनातनी “राज” गोंडवी
गोंडा,उत्तर प्रदेश

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