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TheSahitya – द साहित्य
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TheSahitya – द साहित्य
  • Shyam kavita
    कविताएँ

    श्याम | Shyam kavita

    ByAdmin August 16, 2022

    श्याम ( Shayam )   रस लेकर रसखान सरीखे, काँन्हा तुम आ जाओ। जग मे घटते प्रीत मोह रस, फिर से आ बरसाओ।   सूखी धरती उमड मेघ बन,जग की प्यास बुझाओ। नटवर नागर कृष्ण कन्हैया,अब तो तुम आ जाओ।   कालीदास के मेघदूत बन, उमड घुमड कर आओ। तृप्त करो मन की चंचलता,अब तो…

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  • Sant Shiromani Ganinath Ji Maharaj
    कविताएँ

    संत शिरोमणि गणिनाथ जी महाराज | Sant Shiromani Ganinath Ji Maharaj | Kavita

    ByAdmin August 16, 2022

    संत शिरोमणि गणिनाथ जी महाराज  ( Sant Shiromani Ganinath Ji Maharaj )   जय जय जय हे संत शिरोमणि,गणिनाथ महाराज। योग क्षेम कल्याण शिरोमणि, गणिनाथ महाराज।   महादेव के मानस पुत्र हो, तुम जन कल्याणी हो। मंशाराम के दत्तक पुत्र हो, धर्म रक्षक अवतारी हो।   राग द्वेष तम दूर करे प्रभु, सत्य धर्म अधिकारी…

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  • Nai nai ghazal
    शेरो-शायरी

    जीस्त में वो फ़िज़ा रब यहां दें मुझे | Nai nai ghazal

    ByAdmin August 16, 2022

    जीस्त में वो फ़िज़ा रब यहां दें मुझे ( Jeest mein woh fiza rab yahan de mujhe )   जीस्त में वो फ़िज़ा रब यहां दें मुझे प्यार की उम्रभर वो रवां दें मुझे   जीस्त के ख़्वाब वो पूरे कर  दें सभी और ए रब नहीं इम्तिहां दें मुझे   रख सलामत शाखें प्यार…

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  • Poem utsav aaj manaya hai
    कविताएँ

    उत्सव आज मनाया है | Poem utsav aaj manaya hai

    ByAdmin August 15, 2022

    उत्सव आज मनाया है ( Utsav aaj manaya hai )   जिन भावों को मन में धर कर, उत्सव आज मनाया है। जिन भावों को राष्ट्रगान में, मिलकर हमने गाया है।।   जिन भावों से भारत माँ की, जय जयकार लगाई है जिन भावों से अमर शहीदों को माला पहनाई है   एक निवेदन उन…

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  • Poem azadi ka amrit utsav
    कविताएँ

    मुल्क के सुमन | Poem Mulk ke Suman

    ByAdmin August 15, 2022January 28, 2023

    मुल्क के सुमन ( Mulk ke suman )   हम मुल्क के मासूम सुमन हम धरती माता के धन हम कोमल है पर सबल है धुर्ब जैसे सदैब अटल गगन उगलता आग हो छिड़ा मरण का राग हो लहू का अपना फाग हो हम वही अनुराग है क्या कर सकेगा दौरे जमां हमारा मिट जायेंगें…

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  • 15 August par geet
    गीत

    यह पावन पन्द्रह अगस्त है |15 August par Geet

    ByAdmin August 14, 2022August 15, 2024

    यह पावन पन्द्रह अगस्त है (  Yah paavan 15 August hai ) वह भारत जिसके माथे पर,जड़े हिम शिखर बनकर तारे ! और सदा से ही सागर ने, आकर जिसके पाॅंव पखारे !!१ जिसके पर्वत देव भूमि हैं, उपवन जैसे हैं जिसके वन शस्य श्यामला जिसकी भूमि, तृप्त करें गंगा के धारे !!२ कपटऔर छल…

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  • Poem on independence day in Hindi
    कविताएँ

    चलो आज आजादी को हम घर ले आए | Poem on independence day in Hindi

    ByAdmin August 14, 2022August 14, 2022

    चलो आज आजादी को हम घर ले आए ( Chalo aaj azadi ko hum ghar le aaye )   चलो आज आजादी को हम घर ले आयें !! उसको भावों के चन्दन अक्षत से पूजें स्नेहों के पुष्प माल पहनाएँ !! चलो आज आजादी को हम घर ले आयें !! गत सात दशक से आजादी…

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  • Watan shayari
    शेरो-शायरी

    वतन | Watan shayari

    ByAdmin August 14, 2022

    वतन ( Watan )   इश्क,आशिकी,महोब्बत , जुनूं , तुझसा ही वतन, वतन सा ही है तू….   कहाँ वो अमन, कहाँ मिले सुकूं न सरहदों के इधर , न सरहदों से दूर….   आज़ाद हुये मगर गुलाम अभी तलक बात मज़हबों की , इंसानियत से दूर….   खून तो खौलता है, बहता भी है…

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  • ghar ghar tiranga lahraye
    कविताएँ

    घर घर तिरंगा लहराए | Ghar ghar tiranga lahraye | Geet

    ByAdmin August 13, 2022

    घर घर तिरंगा लहराए ( Ghar ghar tiranga lahraye )   घर-घर तिरंगा लहराए, हम गीत वतन के गाए। शौर्य पराक्रम की गाथा, जन मन जोश जगाये। घर-घर तिरंगा लहराए, घर-घर तिरंगा लहराए।   आजादी जश्न मनाएं, जन गण मन गाए प्यारा। वंदे मातरम वंदे मातरम, सबका है एक ही नारा।   क्रांति काल में…

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  • Poem boond bachaye
    कविताएँ

    बूँद बचाये | Poem boond bachaye

    ByAdmin August 13, 2022

    बूँद बचाये ( Boond bachaye )   बूँद बूँद से सागर भरता बूँद बूँद से गागर हम बूँद बचाएंगे तो भर जायेगा चापाकल बर्षा का जल तो अमृत है होता पर सब कोई उसे है खाता बोल रही कब से ये हमारी जमीन है जल नहीं पेयजल की बड़ी कमी है अब सब जन इस…

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