Skip to content
TheSahitya – द साहित्य
  • Home
  • Write
  • Story
  • Poem
  • Article
  • Login/ Register
  • EnglishExpand
    • Hindi
    • Bhojpuri
    • Nepali
    • Urdu
    • Arabic
    • Marathi
    • Punjabi
    • Bengali
  • My ProfileExpand
    • Logout
    • Account
TheSahitya – द साहित्य
  • Bandhit
    कविताएँ

    बंधित | Bandhit

    ByAdmin July 17, 2023

    बंधित ( Bandhit )    कल वो फिर नही आई मेरी काम वाली बाई और मैं सोचती रही क्या हुआ होगा पेट दर्द, सिर दर्द, हाथ दर्द या पैर में पीड़ा.. रोज सुबह चाय का कप साथ पीने के बहाने जब बैठा देती हुँ उसे काम के बीच रोककर देखती सुनती हुँ उसे तब उठती…

    Read More बंधित | BandhitContinue

  • Roti
    ग़ज़ल

    खेल ये है तमाम रोटी का | Roti

    ByAdmin July 17, 2023

    खेल ये है तमाम रोटी का ! ( Khel ye hai tamam roti ka )    सबसे ऊँचा मुक़ाम रोटी का हर कोई है गुलाम रोटी का अर्ज़ है सबके वास्ते कर दे ऐ ख़ुदा इंतज़ाम रोटी का मुफ़लिसों के लबों पे रहता है ज़िक्र बस सुब्ह ओ शाम रोटी का और कोई न कर…

    Read More खेल ये है तमाम रोटी का | RotiContinue

  • Khata Shayari
    ग़ज़ल

    हो गई खता यूँ ही | Khata Shayari

    ByAdmin July 16, 2023July 16, 2023

    हो गई खता यूँ ही ( Ho gayi khata yoon hi )   हो गया कितना बावला यूँ ही आँख से हो गई खता यूँ ही लोग मिलते रहे जुदा भी थे साथ में चलता काफिला यूँ ही याद फिर रोज वो लगे आने पहले जिनको भुला दिया यूँ ही चाह थी गर तो कह…

    Read More हो गई खता यूँ ही | Khata ShayariContinue

  • Sapna Shayari
    ग़ज़ल

    आंखों में जिसका सपना है | Sapna Shayari

    ByAdmin July 16, 2023

    आंखों में जिसका सपना है ( Aankhon mein jiska sapna hai )    आंखों में जिसका सपना है ? दूर कहीं वो मुझसे रहता है कौन करे किससे यार वफ़ा उल्फ़त में होता धोखा है छोड़ सताना तू मुझको ही उल्फ़त में ही दिल टूटा है हाल कहूँ मैं किससे दिल का दोस्त न कोई…

    Read More आंखों में जिसका सपना है | Sapna ShayariContinue

  • Pati dhadkano ki
    कविताएँ

    पाती धड़कनों की | Pati Dhadkano ki

    ByAdmin July 16, 2023July 16, 2023

    पाती धड़कनों की ( Pati dhadkano ki )    दिल की स्याही में पिरो- पिरो कर जज़्बातों का रस घोल- घोल कर – भाषा का मधु उड़ेल कर मोती जड़े अक्षरों का जादू बिखेर कर- छलकती- महकती जब पहुंँचती थी चिठिया पाने वाला इस रंगीन जादू से तरबतर हो जाता था खुद महकता- परिवेश को…

    Read More पाती धड़कनों की | Pati Dhadkano kiContinue

  • उसका सितम इनायत से कम नहीं
    शेरो-शायरी

    उसका सितम इनायत से कम नहीं | Sitam

    ByAdmin July 16, 2023July 16, 2023

    उसका सितम इनायत से कम नहीं! ( Uska sitam inayat se kam nahin )    सैकड़ों तीर उसे चलाना आ गया, जैसे मेरे घर मयखाना आ गया। बढ़ती जब तलब आती है मेरे घर, उसको भी दिल लगाना आ गया। छोटे – सी थी अब हो गई है बड़ी, वादा उसे भी निभाना आ गया।…

    Read More उसका सितम इनायत से कम नहीं | SitamContinue

  • Mere aas Paas me
    ग़ज़ल

    मेरे आस पास में | Mere aas Paas me

    ByAdmin July 16, 2023

    मेरे आस पास में ( Mere aas paas me )    कोई नादान हो रहा है मेरे आस पास में, उम्मीदों को बो रहा है मेरे आस पास में। बारिशों से कहिए कि पूरा झूम के बरसें, कोई ख़्वाब धो रहा है मेरे आस पास में। वो ज़माने भर के सैंकड़ों भंडार छोड़ के, हसरतों…

    Read More मेरे आस पास में | Mere aas Paas meContinue

  • App ki Seema
    कविताएँ

    आपकी सीमा | App ki Seema

    ByAdmin July 16, 2023

    आपकी सीमा ( App ki seema )    पृथ्वियां तो बहुत हैं ब्रम्हांड मे किंतु,जल और वायु के प्रभाव मे ही होती है श्रृष्टि की रचना… आपकी संगत और योग्यता के आधार पर ही होती है आपके व्यक्तित्व की पहचान….. व्यक्तिगत मे आप कैसे हैं इससे समाज को कोई फर्क नहीं पड़ता किंतु ,आप समाज…

    Read More आपकी सीमा | App ki SeemaContinue

  • हवा का झोंका | Jhonka Hawa ka
    कविताएँ

    हवा का झोंका | Jhonka Hawa ka

    ByAdmin July 16, 2023

    हवा का झोंका ( Hawa ka jhonka )   काश कोई हवा का झोका, उसे छूकर आता। उसकी खुशबू को खुद को समेटे, मैं महसूस कर पाता उसको, इन हवाओं में । मैं एक बार फ़िर, खो जाता, उसकी यादों की रंगीन फिजाओं में। मेरी आंखों के सामने छा जाता , उसका किसी हवा के…

    Read More हवा का झोंका | Jhonka Hawa kaContinue

  • Allergies and Asthma
    कविताएँ

    एलर्जी एवं अस्थमा | Allergies and Asthma

    ByAdmin July 16, 2023

    एलर्जी एवं अस्थमा ( Allergies and asthma )    रोग चाहें कोई सा भी हो वह कर देता है परेशान, वक़्त से ईलाज़ न लिया तो वह ले लेता है जान। ऑंख नाक मस्तिष्क हो चाहें पेट कान गला रोग, कई बीमारियां होती ऐसी जो करती हमें हेरान।। सर्दी व बारिश मौसम में कई लोग…

    Read More एलर्जी एवं अस्थमा | Allergies and AsthmaContinue

Page navigation

Previous PagePrevious 1 … 427 428 429 430 431 … 835 Next PageNext
  • Home
  • Privacy Policy
  • Disclaimer
  • About Us
  • Contact us
  • Sitemap
Facebook X Instagram YouTube TikTok

© 2026 TheSahitya - द साहित्य

  • English
    • Hindi
    • Bhojpuri
    • Nepali
    • Urdu
    • Arabic
    • Marathi
    • Punjabi
    • Bengali
  • Home
  • Write
  • Story
  • Poem
  • Article
  • Login/ Register
Search